LED में शार्ट सर्किट से घर में लगी भीषण आग एक घंटे में घर जलकर हुआ ख़ाक, बाल बाल बचा परिवार।

मेरठ के सदर बाजार इलाके में कल देर शाम बड़ा हादसा होते होते बचा। यहां एक घर में भीषण आग लगने के बाद अफरा तफरी मच गई। देखते ही देखते पूरा मकान आग का गोला बन गया। गनीमत रही कि हादसे के वक्त घर के अंदर कोई नहीं था वरना किसी की जान भी जा सकती थी। परिवार के लोगों ने कड़ी मशक्कत की और करीब एक घंटे में आग को बुझा लिया लेकिन तब तक काफ़ी नुकसान हो चुका था।

रजबन में सुनील पुत्र मोहन सिंह परिवार के साथ रहते हैं। परिवार में पत्नी आरती के अलावा दो बेटे अंश और शिव हैं। सुनील अपने मकान के निचले हिस्से में पकौड़ी की दुकान चलाते हैं। देर शाम करीब 8 बजे प्रथम तल पर आग लग गई और घर का सारा सामान जलकर खाक हो गया। जिस वक्त यह हादसा हुआ उस वक्त बच्चे घर पर नहीं थे और सुनील व आरती नीचे दुकान पर बैठे थे।

आरती ने बताया कि वह नीचे काम कर रही थी। इसी दौरान एक बिल्ली जीने से नीचे उतरती हुई आई। वह बिल्ली को भगाने के लिए ऊपर दौड़ी तो हैरान रह गई। उसके घर में चारों तरफ आग लगी थी। आरती ने शोर मचाया तो सुनील भी घर के भीतर दौड़े और पत्नी की मदद से आग बुझाने में जुट गए। बिल्ली की मौजूदगी से सब हैरान है। लोगों का कहना है कि वह देवदूत बनकर आई थी वरना हादसा और भी भयानक हो सकता था।

सुनील ने बताया कि उनकी दुकान 22 गज में बनी है। प्रथम और द्वितीय तल पर उन्होंने कमरा बनाया हुआ है जिसमें पूरा परिवार रहता है। हादसे के वक्त अंश और शिव घर में नहीं थे। आरती भी नीचे दुकान में पति सुनील का हाथ बटा रही थी। उनका मानना था कि अगर दमकल को सूचना देंगे तो सब कुछ खत्म हो जाएगा इसलिए उन्होंने खुद ही आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू कर दिया। एक घंटे में आग पर काबू पाया जा सका।

एलइडी टीवी के अलावा दो अलमारी, उनमें रखे पूरे परिवार के कपड़े, कुछ जेवर, इस मकान के साथ ही कंकरखेड़ा की जमीन के कागजात और कुछ नगदी जलने की बात कही जा रही है। आरती ने बताया कि 2 दिन पहले ही वह 2200 रूपए का कंबल लेकर आई थी, वह भी आग में जल गया। पूरे परिवार के पास अब एक भी जोड़ी कपड़ा नहीं बचा है। आरती का कहना है कि टीवी चल रहा था, संभवत: उसी से आग लगी है।

आरती, पीड़ित महिला